Sanjay Raut Shiv Sena

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FLOP **** (News Rating Point) 18.04.2015

शिवसेना के मुखपत्र सामना में छपे लेख के चलते संजय राउत इस सप्ताह चर्चा में आये. लेख में कहा गया कि मुसलमानों के मताधिकार को वापस ले लेना चाहिए, क्योंकि इस समुदाय का इस्तेमाल अक्सर वोटबैंक की राजनीति के लिए किया जाता रहा है. टीवी चैनलों से लेकर विदेशी मीडिया तक राउत छाये रहे.

मोदी सरकार के सहयोगी दल शिवसेना ने कहा है कि मुसलमानों के मताधिकार को वापस ले लेना चाहिए, क्योंकि इस समुदाय का इस्तेमाल अक्सर वोटबैंक की राजनीति के लिए किया जाता रहा है. शिवसेना के मुखपत्र ‘सामना’ के एक लेख में पार्टी के सीनियर नेता और राज्यसभा सांसद संजय राउत ने रविवार को लिखा, ‘मुसलमानों के साथ हुए अन्याय के नाम पर उनका इस्तेमाल वोट बैंक की राजनीति के लिए हो रहा है. शिक्षा और स्वास्थ्य में उनकी दशा का राजनीतिक इस्तेमाल हो रहा है. यह खेल कभी कांग्रेस खेलती थी, अब खुद को सेक्युलर कहने वाला हर दूसरा शख्स यही कर रहा है. जब तक मुस्लिमों का इस्तेमाल वोट बैंक की राजनीति के लिए होता रहेगा, उनका विकास नहीं हो सकता. यही वजह है कि बालासाहेब ने एक बार कहा था कि मुस्लिमों का मताधिकार वापस लिया जाए. उन्होंने सही कहा था.’ राउत ने ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तिहादुल-मुस्लिमीन को भी निशाने पर लिया है, जिसने महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव में दो सीटें हासिल कर सबको चौंका दिया था.
नवभारत टाइम्स
Indian Political Party Advocates the Denial of Voting Rights for Muslims- The party hastily back-tracked after the editorial in its official publication caused outrage. A major Indian political party called for the voting rights of Muslims to be revoked in an editorial published Sunday, a statement that was slammed across the board and left its leadership red-faced and hastily backtracking.
– Time
शिवसेना ने वोट बैंक की राजनीति का हवाला देते हुए मुसलमानों से मतदान का अधिकार छीनने की मांग उठाई है. पार्टी के मुखपत्र ‘सामना’ में छपे संपादकीय में ओवैसी बंधुओं की तुलना जहरीले सांप से की गई है. लेख के अनुसार ऑल इंडिया मजलिस ए इत्तेहादुल मुसलमीन (एआईएमआईएम) नेता असदुद्दीन ओवैसी और अकबरद्दीन मुस्लिम वोटों की राजनीति कर रहे हैं. शिवसेना के राज्यसभा सदस्य संजय राउत ने लेख में कहा है कि मुसलमानों के साथ अन्याय के नाम पर वोटबैंक की राजनीति की जा रही है.
दैनिक जागरण
मुस्लिमों पर शिवसेना की ताजा राय से सियासी पारा गरम हो गया है. कभी मराठीवाद तो कभी हिंदुत्ववाद की राजनीति करने वाली शिवसेना ने एक बार फिर मुस्लिमों के खिलाफ जहर उगला है. पार्टी ने अपने मुखपत्र ‘सामना’ में लिखा है कि मुसलमानों से मताधिकार छीन लेना चाहिए. जिस दिन मुसलमानों से वोट देने का हक छीन लिया जाएगा, उस दिन से देश में मुस्लिम वोट बैंक की राजनीति खत्म हो जाएगी. पार्टी सांसद संजय राउत ने अपने लेख में ऑल इंडिया मजलिस ए इत्तेहादुल मुसलमीन (एमआईएम) के ओवैसी बंधुओं पर निशाना साधते हुए उन्हें संपोला और उनकी पार्टी को सांपों का बिल करार दिया.राजग की सहयोगी पार्टी शिवसेना के राज्यसभा सांसद राउत ने ओवैसी बंधुओं पर हमला बोलते हुए लिखा कि चुनाव के वक्त ये लोग अपने बिल से बाहर आ जाते हैं और मुस्लिमों को बरगलाने का काम करते हैं.
अमर उजाला
शिवसेना ने रविवार को एक नए विवाद को जन्म देते हुए मांग की कि मुसलमानों के मताधिकार को छीन लेना चाहिए.
हिंदुस्तान
Shiv Sena MP Sanjay Raut has demanded that the Muslim community be disenfranchised to put an end to vote bank politics, sending shock waves through political circles and triggering a firestorm of protest. Police have stepped up vigil across the city following the article. In a signed article in Saamna, the Sena mouthpiece, on Sunday , Raut slammed both secular and Hindutva forces for playing upon the insecurities of the Muslim community to win elections.
– The Times of India
THE Shiv Sena said on Sunday that the voting rights of Muslims should be “revoked” as the community has often been used for “vote bank politics”. The controversial remark drew sharp criticism from other parties, including ally BJP. “If Muslims are only being used.. to play politics, they can never develop. Muslims will have no future till they are used for vote bank politics… Balasaheb (Thackeray) had once said voting rights of Muslims should be withdrawn. What he said is right,” said an editorial in party mouthpiece Saamana.
– The Indian Express
संप्रदाय विशेष के खिलाफ टिप्पणी करने के मामले में सदस्य राज्य सभा एवं शिवेसना के प्रवक्ता संजय राउत के खिलाफ सोमवार को लखनऊ के हजरतगंज कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज की गई. यह मुकदमा समाजवादी चिंतन व बौद्धिक सभा के अध्यक्ष दीपक मिश्र की तहरीर पर दर्ज किया गया है. सपा नेता का आरोप है कि संजय राउत की वर्ग संप्रदाय विशेष को मतदान से वंचित करने की टिप्पणी से लोगों को ठेस पहुंची है.
दैनिक जागरण
शिवसेना की सांसद संजय राउत पर लखनऊ की हज़रतगंज कोतवाली में भड़काऊ बयान देने का मुकदमा दर्ज किया गया है.
हिंदुस्तान
मुसलमानों से वोट का हक छीनने की वकालत करने वाले शिवसेना के मुखपत्र ‘सामना’ के सम्पादक और राज्यसभा सांसद संजय राउत के खिलाफ सोमवार को हजरतगंज थाने में केस दर्ज हुआ. राउत के खिलाफ परिवाद भी दायर किया गया है.
अमर उजाला
आप ने जारी एक बयान में आरोप लगाया कि लेख का उद्देश्य ”सस्ता प्रचार” हासिल करना और समुदायों के बीच ”घृणा” फैलाना है. आप ने कहा कि महाराष्ट्र की भाजपा नीत महाराष्ट्र सरकार को ”संजय राउत और शिवसेना के खिलाफ आपराधिक मामला दर्ज करने बाद राउत को तत्काल गिरफ्तार कर लेना चाहिए.”
एबीपी न्यूज़
कांग्रेस के प्रवक्ता अभिषेक मनु सिंघवी ने कहा कि ये सुनना भी अजीब है, हम लोकतंत्र में रहते हैं, किसी तालिबानी शासन में नहीं. वहीं एमआईएम के विधायक इम्तियाज़ जलील का कहना था, वो ऐसा क्यों कह रहे हैं, ये लोकतंत्र है…ये धर्म के आधार पर बांटने वाली उनकी राजनीतिक सोच को दर्शाता है.
एनडीटीवी
Raut reiterated in the article: “Balasaheb had said 15 years ago that if the voting rights of Muslims are taken away for a few years, then the vote bank politics will stop.”  He added: “Vote bank politics is being played in the name of fighting against the injustice meted out to Muslims. Their educational and health status is being used politically. This politics was once played by the Congress and now every other person calls himself secular.”
– Hindustan Times

[box type=”info” icon=”https://newsratingpoint.com/wp-content/uploads/2015/04/xx-Shivpal-Singh-Yadav.jpg”]उत्तर प्रदेश के लोक निर्माण मंत्री शिवपाल सिंह यादव ने रविवार को शिवसेना पर तीखा हमला करते हुए कहा कि शिवसेना देशद्रोही पार्टी है. इसीलिए उसके संजय राउत जैसे नेता मुस्लिमों के वोटिंग का अधिकार छीनने की बात करते हैं. (हिंदुस्तान)[/box]

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